क्राइस्टचर्च कांड के हत्यारे को नहीं कोई पछतावा, कोर्ट में ये खास संकेत भी दिया

क्राइस्टचर्च:  न्यूजीलैंड के क्राइस्टचर्च में स्थित अल नूर और लिनवुड मस्जिद में गोलीबारी कर 50 लोगों की जान लेने वाले आस्ट्रेलियाई नागरिक ब्रेंटन टैरेंट (28) पर डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में  हत्या के आरोप तय किए गए। कोर्ट में पेश होते समय टैरेंट के चेहरे पर मुस्कान थी और उसे देखकर कोई नहीं कह सकता था कि उसे अपने किए का जरा भी पछतावा है। उसने जमानत की कोई अर्जी नहीं दी। 5 अप्रैल को होने वाली अगली सुनवाई तक उसे हिरासत में रखा जाएगा। टैरेंट के मामले की सुनवाई एक मिनट से भी कम समय में पूरी हो गई।

हत्यारे ने कोर्ट में इस्तेमाल किया खास संकेतः वह हाथ में हथकड़ी और कैदियों वाली सफेद रंग की कमीज पहने अदालत में पेश हुआ। उसने दुनियाभर में श्वेत प्रभुत्व की वकालत करने वाले नस्लवादी समूहों द्वारा इस्तेमाल किया जाने वाला नीचे की तरफ ‘ओके’ का संकेत किया।टैरेंट ने कई बार अदालत में मौजूद मीडिया की ओर देखा। सुरक्षा कारणों के चलते सुनवाई बंद कमरे में हुई। हमला जारी रखना चाहता था टैरेंट क्राइस्टचर्च की 2 मस्जिदों में गोलीबारी के लिए ब्रेंटन टैरेंट ने आधुनिक अर्ध-स्वचालित हथियारों का इस्तेमाल किया था। उसके वाहन में 2 और बंदूकें रखी हुई थीं जिससे साफ जाहिर होता है कि उसका इरादा हमला जारी रखने का था। पुलिस ने हमलों की सूचना मिलने के 36 मिनट बाद ही उसे हिरासत में ले लिया था।

प्रधानमंत्री को भी भेजा था मैनीफैस्टोः  न्यूजीलैंड की मस्जिदों पर हमले से 10 मिनट पहले हमलावर ब्रेंटन टैरेंट ने अपना मैनीफैस्टो प्रधानमंत्री कार्यालय और 70 अन्यों को ईमेल के जरिए भेज दिया था। इनमें स्थानीय राजनेता और राष्ट्रीय व अंतर्राष्ट्रीय मीडिया भी शामिल है। प्रधानमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता ने आज यह जानकारी दी।  हमले के बाद न्यूजीलैंड की प्रधानमंत्री जैसिंडा आर्डर्न ने कहा है कि देश के बंदूक कानून में बदलाव किया जाएगा। उन्होंने कहा कि चूंकि हमलावरों के पास वैध बंदूक लाइसैंस था इसलिए हमारे बंदूक कानून में बदलाव किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 5 बंदूकें बरामद की गई हैं जिनमें से 2 अर्ध-स्वचालित बंदूकें हैं। शुक्रवार को हमलों के बाद पुलिस ने अन्य हथियारों और आग्नेयास्त्रों का पता लगाना शुरू कर दिया है।

हिंसक अपराधों को बढ़ावा दे रहे लाइव वीडियोः न्यूजीलैंड में शुक्रवार को 2 मस्जिदों पर हुए हमले की दुनियाभर में लाइव स्ट्रीमिंग की गई लेकिन ऐसा पहली बार नहीं है जब किसी  हिंसा को ऐसे इंटरनैट पर वायरल किया गया हो। ऐसी  हिंसक वीडियो को ऑनलाइन शेयर होने से रोकना वर्षों के निवेश के बाद भी टैक कंपनियों के लिए मुसीबत बना हुआ है। हमलावर से भिड़ गया था पाकिस्तानी हमले में मारे गए पाकिस्तानी नागरिकों में से एक ने हमलावर ब्रेंटन टैरेंट को रोकने की कोशिश की थी और वह टैरेंट से भिड़ गया था लेकिन गोली लगने से उसकी मौत हो गई। उसकी पहचान एबटाबाद के रहने वाले नईम रशीद के तौर पर हुई है। इस हमले में उसका बेटा तल्हा रशीद भी मारा गया।

न्यूजीलैंड की प्रधानमंत्री ने पहना काला स्कार्फः  न्यूजीलैंड की प्रधानमंत्री जैसिंडा अर्डर्न सिर पर काले रंग का स्कार्फ पहने हुए क्राइस्टचर्च शहर में पहुंचीं और पीड़ितों के परिवारों से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि हमले में मारे गए लोग भारत तुर्की, बंगलादेश, इंडोनेशिया और मलेशिया जैसे देशों से आए थे। मृतकों में सऊदी अरब का एक और जॉर्डन के दो नागरिक भी शामिल हैं जबकि पाकिस्तान के 5 नागरिक लापता हैं।