आदिवासी समाज ने नैसर्गिक व हरियाली के बीच मनाया विश्व आदिवासी दिवस

 

जितेंद्र खोरी

बड़वानी– पानसेमल क्षेत्र के आदिवासी समाज ने प्रति वर्ष अनुसार इस वर्ष भी पानसेमल के समीप नैसर्गिक और हरियाली से आच्छादित रामगढ़ के पर्वत पर विश्व आदिवासी दिवस धूमधाम से मनाया । आदिवासी युवा एकता परिषद के अध्यक्ष विनोद वसावे ने बताया कि वर्तमान स्थिति में कोरोना महामारी की भयंकर मार चल रही है । जिसमें शासन के गाइडलाइन अनुसार रविवार को लॉक डाउन घोषित है । इसलिए हमने तय किया कि विश्व आदिवासी दिवस सुरम्य वादियों में व पहाड़ी पर्वत पर रामगढ़ स्थित हनुमान मंदिर पर पूजा अर्चना कर मनाया । हम युवा और परिवार सहित रामगढ़ पर पहुंचे जहां आदिवासी समाज ने मिलकर विश्व आदिवासी दिवस की शुभकामनाएं समाज में आदान-प्रदान की । यह दिवस आदिवासी संस्कृति को बचाए रखने के लिए हमारा समाज मनाता है एवं समाज मे फैली कुप्रथाओं को मिटाने के लिए भी हम विश्व आदिवासी दिवस को विश्व स्तर पर मनाते हैं । रामगढ़ पर हनुमान जी का मंदिर स्थित है जहां पर सभी आदिवासी समाज बंधुओं ने पूजन अर्चन किया और समाज के वरिष्ठ नागरिकों व आसपास के ग्राम ललवान्या, सापखड़की, पिपरानी, पन्नाली के सरपंच भी उपस्थित हुए । जहां समाज संगठन द्वारा विशाल भंडारे का आयोजन भी किया गया । इस अवसर पर खरगोन के चंदन यादव, मनीष भोसले, भूपेंद्र सोनी ने, रामगढ़ की सुरम्य वादी को ड्रोन कैमरे की सहायता से कैप्चर किया । जिन्हें आदिवासी एकता परिषद के विनोद वसावे व सापखड़की के सरपंच पिंटया तरोले द्वारा रामगढ़ की पहाड़ी को आसमान से कैमरे में कैद करने विश्व आदिवासी दिवस पर विशेष रूप से बुलाया गया था । इस अवसर पर आदिवासी समाज के साथ पानसेमल पूर्व विधायक दीवानसिंह पटेल,कैबिनेट मंत्री प्रेमसिंह पटेल जी का परिवार भी शामिल हुवा, रविन पाड़वी गिरधन तरोले, ज्ञानसिंह तरोले, कैलाश तरोले, मुन्ना तरोले ,धनगर तरोले, मुन्ना तरोले, नाहरसिंह तरोले, मांगिलाल पाड़वी, अर्जुन मोरे सहित समाजजन उपस्थित थे ।