Fact Check: इंडेन ने गैस एजेंसी डीलरशिप व डिस्ट्रीब्यूटरशिप के लिए मंजूर किए अप्लिकेशन, जानें इस दावे की हकीकत

इंडेन गैस एजेंसी के लिए अगर आपके पास भी कोई मेल या एसएमएस आया है तो सावधान हो जाएं। बहुत से लोगों के पास इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन द्वारा कथित रूप से जारी किया गया एक अप्रूवल लेटर पहुंच रहा है, जिसमें दावा किया गया है कि इंडेन गैस एजेंसी डीलरशिप / डिस्ट्रीब्यूटरशिप के लिए आवेदन को मंजूरी दे दी गई है।

इस लेटर में कहा गया है कि, आपके द्वारा दी गई ऑनलाइन जानकारी के आधार पर आपको ये गैस वितरक या डीलरशिप दी जा रही है। लेटर में शहरी वितरक और ग्रामीण वितरक के शुल्क भी दिए गए हैं। उज्ज्वला योजना के Logo के साथ जारी इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन के लेटर में संबंधित व्यक्ति से शहरी वितरक के तौर पर अलग-अलग कैटेगरी में 12000 से लेकर 19500 रुपये तक जमा करने के लिए कहा गया है। इसी तरह ग्रामीण वितरक बनने के लिए अलग-अलग कैटेगरी में 7500 रुपये से लेकर 11500 रुपए तक शुल्क जमा करने के लिए कहा गया है। पीआईबी फैक्ट चेक में यह दावा फर्जी साबित हुआ है। पीआईबी फैक्ट चेक ट्वीट कर कहा कि, यह पत्र फेक है। इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन ने यह पत्र जारी नहीं किया है।

पीआईबी भारत सरकार की नीतियों, कार्यक्रम पहल और उपलब्धियों के बारे में समाचार-पत्रों व इलेक्‍ट्रॉनिक मीडिया को सूचना देने वाली प्रमुख एजेंसी है। पीआईबी ने कहा है कि यह दावा फर्जी है। केंद्र सरकार द्वारा ऐसी किसी योजना से संबंधित कोई घोषणा नहीं की गई है।

ऐसी किसी भ्रामक खबर की यहां करें शिकायत

सरकार से जुड़ी कोई खबर सच है या फर्जी, यह जानने के लिए PIB Fact Check की मदद ली जा सकती है। कोई भी व्यक्ति PIB Fact Check को संदेहात्मक खबर का स्क्रीनशॉट, ट्वीट, फेसबुक पोस्ट या यूआरएल वॉट्सऐप नंबर 918799711259 पर भेज सकता है या फिर pibfactcheck@gmail.com पर मेल कर सकता है।