पाकिस्तान के पूर्व कप्तान सलमान बट ने की भारत के क्रिकेट सिस्टम की तारीफ, बोले- वो हमारे जैसे नहीं हैं

मौजूदा समय में भारतीय क्रिकेट में व्यापक गहराई है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड(बीसीसीआई) जहां एक तरफ वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल और इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज के लिए अपनी मुख्य टीम इंग्लैंड भेज रहा है। वहीं दूसरी तरफ वो जुलाई में श्रीलंका के साथ  लिमिटेड सीरीज के लिए एक दूसरी टीम श्रीलंका भेज रहा है। न्यूजीलैंड के पूर्व तेज गेंदबाज रिचर्ड हेडली ने हाल ही में भारतीय क्रिकेट सिस्टम की तारीफ करते हुए कहा कि वर्ल्ड क्रिकेट को भारत की जरूरत है। पाकिस्तान के पूर्व कप्तान सलमान बट ने उनके बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए उनसे सहमति जताई है।

सलमान ने अपने यूट्यूब चैनल में कहा कि भारत ने सही तरह से क्रिकेट को प्राथमिकता दी है। इसलिए मैं उनकी और उनकी पॉलिसी की तारीफ करता हूं। वो बच्चों से स्कूल लेवल पर तीन दिवसीय मैच खेलने को कहते हैं। जो भी नया युवा खिलाड़ी भारत की तरफ से प्रतिनिधित्व करने आता है, उसके पास उचित अनुभव है। कोई फर्स्ट क्लास स्तर पर पहले ही 40 मैच खेल चुका होगा। कोई दूसरा 50 और कोई 35 मैच खेल चुका होगा। आमतौर पर ये 60 से 70 होती है।

36 साल के बट ने आगे कहा कि भारत के खिलाड़ी इंटरनेशनल क्रिकेट के शुरुआती दिनों में ही जल्दी परिपक्व हो जाते हैं। इसकी वजह ये है कि वो घरेलू क्रिकेट में कठिन दौर से गुजरते हुए टॉप पर पहुंचते हैं। वो 4 से 5 साल तक घरेलू क्रिकेट खेलने की वजह से अच्छे से तैयार होते हैं। भारतीय क्रिकेट सिस्टम का उदाहरण देते हुए उन्होंने पाकिस्तान के क्रिकेट सिस्टम की आलोचना की।

उन्होंने कहा कि वो हमारे जैसे नहीं है। हमारे पास खिलाड़ियों की लंबी लाइन है। जब वो अंडर-19 स्तर पर या पीएसएल में कुछ करते हैं तो ऐसे खिलाड़ी के बारे में बहुत शोर होता है और उसे टीम में तेजी से लाया जाता है। फिर आप पाते हैं कि एक शख्स कहता है कि उसके पैर नहीं चल रहे हैं, जबकि दूसरा कहता है कि वो सही समय पर बैट नीचे नहीं ला रहा है। तीसरी कहता है गैप है और चौथा कहता है को वो इस लेवल पर नहीं खेल सकता है। इसके बाद उसे वापस नीचे गिरा दिया जाता है।