कंप्यूटर बाबा की सरकार को चेतावनी, ‘मां नर्मदा के किनारे शराब नहीं बिकने दूंगा’

भोपाल: लोकसभा चुनाव की कबायद तेज हो गई है। सभी राजनीतिक पार्टियां अपने अपने दाव पेच खेल रही है। वहीं मध्यप्रदेश में राजनीतिक सुर्खियों में छाए रहने वाले नर्मदा सेवा न्यास के नवनियुक्त अध्यक्ष कंप्यूटर बाबा ने नर्मदा किनारे से शराब दुकानें हटाने की चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि नर्मदा किनारे के गांवों में शराब दुकान न खुलने दी जाएगी और न ही चलने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि हालांकि आबकारी विभाग मेरे पास नहीं है लेकिन नर्मदा के किनारे शराब की दुकानें खोलने संबंधी जनता की राय ली जाएगी। जिससे सीएम कमलनाथ को अवगत कराया जाएगा। इसको लेकर वे 19 तथा 20 मार्च को मुख्यमंत्री कमलनाथ से चर्चा करेंगे।

लोकसभा चुनाव की घोषणा से पहले 8 मार्च को मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कंप्यूटक बाबा को नर्मदा न्यास का अध्यक्ष बनाया था। पदभार संभालने के बाद से ही बाबा पूजा-पाठ में लीन है। वे नर्मदा पूजन के बाद शिप्रा पूजन के लिए उज्जैन तथा इसके बाद मंदाकिनी पूजन के लिए चित्रकूट जाएंगे। बाबा ने कहा कि इसके बाद ने न्यास का कामकाज शुरू करेंगे। उन्होंने कहा कि न्यास के अंतर्गत आने वाली नदियां खासकर नर्मदा से मशीनों के जरिए रेत का खनन नहीं होने दिया जाएगा। अवैध उत्खनन तो किसी भी सूरत में नहीं होने देंगे।

वहीं कंप्यूटर बाबा ने बीजेपी को आड़ो हाथ लेते हुए कहा कि सरकार ने नर्मदा संरक्षण के नाम पर सिर्फ गप्पें मारने का काम किया था। काम तो अब कमलनाथ सरकार के समय में शुरू होगा। उन्होंने कहा कि नर्मदा में जहां से भी गंदे नाले मिल रहे हैं, सीवरेज मिल रहा है। सबसे पहले उसे रोकने का काम होगा। विभाग जल्द ही इसकी विस्तृत रिपेार्ट राज्य सरकार को सौंपकर कार्य शुरू कर देगा।

गुरूवार को सीहोर में कंप्यूटर बाबा ने कहा, ‘नर्मदा का सीना किसी भी हालत में छलनी नही होने दूंगा। नर्मदा सेना बनाकर नर्मदा को बचाऊंगा।’ वे राम मंदिर पर बोले मध्यस्था से कुछ हासिल नही होगा, मोदी और योगी दोनो बहुमत में है फिर भी राम मंदिर का न बनना निराशाजनक है। सर्जिकल स्ट्राइक पर बोले देश के लाखों संत सेना के साथ ही पर सेना के नाम पर राजनीति बर्दास्त नहीं। दिग्विजय सिंह के बयानों पर कहा कि, ‘दिग्विजय सच बोलता है आज तक अपनी कही बात से नहीं पलटा है।’