संकट में गोवा सरकार, पार्रिकर की जगह किसी और को बनाया जा सकता है CM

पणजी: गोवा के मंत्री विजय सरदेसाई ने शनिवार को मुख्यमंत्री मनोहर पार्रिकर से भेंट की और कहा कि उनका स्वास्थ्य बिगड़ा है लेकिन स्थिर बना हुआ है। वहीं गोवा में एक बार फिर से मुख्यमंत्री बदलने की चर्चा शुरू हो गई है। पार्टी के सीनियर नेता और डिप्टी स्पीकर माइकल लोबो का कहना है कि रविवार को पार्टी नेताओं और विधायकों की होने वाली बैठक में इसका फैसला लिया जाएगा। इस बैठक में गोवा फार्वड पार्टी और महाराष्ट्रवादी गोमंटक पार्टी के साथ गठबंधन पर भी चर्चा होगी। माना जा रहा है कि पार्टी के किसी नेता को मुख्यमंत्री बनाया जा सकता है। हालांकि साथ ही उन्होंने कहा कि किसे सीएम बनाया जाएगा इसका फैसला हाईकमान द्वारा ही किया जाएगा।

इससे पहले माइकल लोबो ने कहा था कि हम उनके जल्द ठीक होने की प्रार्थना कर रहे हैं, लेकिन उनके ठीक होने की उम्मीद नहीं है। उनकी तबीयत बहुत ज्यादा खराब है। वहीं शनिवार को सरदेसाई गोवा के पांच विधायकों के साथ पार्रिकर के निजी आवास पर उनसे मिलने पहुंचे। पार्रिकर से मिलने पहुंचे सभी विधायक राज्य की भाजपा नीत सरकार के सहयोगी हैं। इनमें गोवा फॉरवार्ड पार्टी के जयेश सलगांवकर और विनोद पाल्येकर और निर्दलीय रोहन खौंते, गोविंद गावडे और प्रसाद गावंकर शामिल थे। डोना पौला स्थित पार्रिकर के निजी आवास से निकलते हुए सरदेसाई ने संवाददाताओं से कहा कि मुख्यमंत्री का स्वास्थ्य बिगड़ा है, लेकिन स्थिर है।

उन्होंने कहा, जब कैंसर का पता चला था तो मुख्यमंत्री ने पद छोड़ने की इच्छा जताई थी, उस वक्त हमने स्थाई समाधान और स्थिरता की मांग की थी। अब उनका स्वास्थ्य बिगड़ा है, लेकिन हम उनके साथ हैं। उनका स्वास्थ्य स्थिर है। मुझे उनकी बीमारी के स्तर का ज्ञान नहीं है। सरदेसाई ने कहा कि वह जीवनरक्षण प्रणाली पर नहीं हैं। मुझे नहीं पता कि मेडिकल में इस अवस्था के लिए क्या कहेंगे। मुख्यमंत्री कार्यालय का कहना है कि उनकी हालत स्थिर है, इसलिए हम मान रहे हैं कि वह स्थिर हैं।

कांग्रेस कर रही सरकार बनाने का दावा
कांग्रेस ने गोवा में सरकार बनाने का दावा पेश करते हुए सूबे की राज्यपाल मृदुला सिन्हा को खत लिखा है। कांग्रेस ने भाजपा के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार को बर्खास्त करने की मांग करते हुए कहा है कि उनके पास बहुमत नहीं है। इस बीच कांग्रेस के दावे के बाद गोवा भाजपा ने पणजी में अपने विधायकों की बैठक बुला ली है। कांग्रेस ने सरकार गठन का दावा पेश करते हुए कहा कि हम राज्य में विधायकों की संख्या के मामले में सबसे बड़ी पार्टी हैं और हमें सरकार बनाने का मौका मिलना चाहिए। कांग्रेस ने अपने पत्र में भाजपा विधायक फ्रांसिस डिसूजा की मौत का हवाला देते हुए कहा है कि पहले से ही अल्पमत में चल रही सरकार का समर्थन और कम हो गया है। यही नहीं, कांग्रेस ने लिखा कि यदि सूबे में राष्ट्रपति शासन लगाने का प्रयास किया जाता है तो यह अवैध होगा और इसे चुनौती दी जाएगी।