सामान्य वर्ग आरक्षण का उद्देश्य गरीबों को सशक्त बनाना : गहलोत

नई दिल्ली: केंद्रीय मंत्री थावर चंद गहलोत ने कहा कि भाजपा सरकार का आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग को 10 फीसदी आरक्षण देने का उद्देश्य गरीबों को सशक्त करना है न कि चुनावी लाभ लेना जैसा कि विपक्ष आरोप लगा रहा है। उन्होंने दावा किया कि नरसिंह राव के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार ने सामान्य वर्ग के गरीबों को आरक्षण देने का प्रयास किया था लेकिन समुचित प्रक्रिया का पालन नहीं किया। गहलोत ने कहा कि भाजपा सरकार ने काफी समय से लंबित इस मांग को पूरा किया क्योंकि वह इस मुद्दे को लेकर प्रतिबद्ध है और देश के लोगों को धोखा नहीं देना चाहती।

भाजपा में दलित चेहरा और केंद्रीय मंत्री ने कहा, सामान्य वर्ग के गरीब लंबे समय से अपने लिए आरक्षण की मांग कर रहे थे जैसा कि अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग को मिलता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हमारी सरकार ने उनके साथ न्याय किया।’ उन्होंने कहा कि सरकार ने उच्चतम न्यायालय द्वारा तय आरक्षण की अधिकतम 50 फीसदी की सीमा का किसी तरह उल्लंघन नहीं किया है क्योंकि यह सिर्फ अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ावर्ग पर लागू होती है, और न ही इसकी इन श्रेणियों को मौजूदा आरक्षण में किसी तरह के हस्तक्षेप की मंशा है।

उन्होंने कहा, हमनें उचित प्रक्रिया का पालन किया और सामान्य वर्ग के आरक्षण के लिए संवैधानिक संशोधन किए।’ गहलोत ने कहा, पी वी नरसिंह राव के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार ने सामान्य वर्ग को आरक्षण देने की कोशिश की थी लेकिन उचित प्रक्रिया का पालन नहीं किया जिसकी वजह से सर्वोच्च अदालत ने इसे खारिज कर दिया। केंद्र सरकार के फैसले पर रोक से इनकार करने का उच्चतम न्यायालय का हालिया फैसला यह दिखाता है कि हमारी प्रक्रिया संवैधानिक रूप से वैध है।’ उन्होंने दावा किया कि इस कदम ने देश में मोदी के लिये अनुकूल माहौल बनाया।