नौकरी से निकाला तो आरक्षक के साथ मिलकर चोरी कर ली मालिक की कार

नीलू सोनी 

रायपुर. चालक की नौकरी कर रहे एक युवक को काम से निकाला गया तो उसने अपने मालिक की कार ही चोरी कर ली। इसके बाद चोरी की कार अपने एक आरक्षक दोस्त के मकान में छिपा दी। रिपोर्ट दर्ज होने के दूसरे ही दिन पुलिस ने रविवार को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर चोरी गई कार बरामद कर ली। जानकारी के मुताबिक, वित्त विभाग मे उप संचालक शैलेंद्र बंशपाल ने थाना विधानसभा में रिपोर्ट दर्ज कराई कि 15 अप्रैल की रात करीब 11 बजे उनकी कार किसी ले घर की पार्किंग से चोरी कर ली। जब रात्रि में वह खाना खाकर टहलने निकले तो देखा की कार वहां नहीं थी। मामले में पुलिस ने घर के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली की बैजनाथपारा निवचासी आतीक खान उर्फ आसिफ खान को घटनास्थल के पास घूमते हुए देखा गया था। पुलिस टीम ने आरोपी आतीक खान को हिरासत में लेकर पूछताछ किया तो उसने कार चोरी करना स्वीकार कर लिया। पूछताछ में आरोपी आतीक ने बताया कि वह 6 माह पहले शैलेन्द्र बंशपाल के पास ड्राईवर का नौकरी करता था। जिससे उसे नौकरी से निकाल दिया था। इस दौरान आरोपी आतीक कार की एक चाबी चोरी कर ले गया था। इस बीच शुक्रवार को मौका देखकर आरोपी ने प्रार्थी की कार चोरी कर ली। इसके बाद अपने साथी अमलीडीह निवासी आरक्षक आकाश कुमार गजभिये के मकान में छिपाकर रख दी। बताया जाता है कि आकाश कुमार गजभिये वर्तमान में रक्षित केंद्र में आरक्ष के पद पर कार्यरत है। जो लंबे समय से छुट्टी में चल रहा है। वहीं आरोपी आतीक खान पूर्व में भी चोरी के मामले में जेल जा चुका है। चोरी की कार छिपाने और साथ देने के आरोप में पुलिस ने आरक्षक को भी गिरफ्तार कर लिया है।