सालभर बाद भी रमना फारेस्ट का अधूरा पड़ा है इको पार्क

शिरीष सिलकारी 

सागर| गढ़ाकोटा स्थित रमना के जंगल में इको पार्क का निर्माण सालभर पहले करवाया गया था। एक साल गुजर जाने के बाद भी यह अधूरा पड़ा हुआ है। विभागीय कर्मचारियों ने लाखों की आवंटित राशि को खुर्दबुर्द कर दिया है। सवाल यह उठता है कि अधिकारी व कर्मचारी की मिलीभगत से व शासन प्रशासन के अधिकारी या कर्मचारी इस जगह को देखने को नहीं आते हैं अगर आते हैं तो ऐसे कैसे हो सकता है कि शासन की मनसाओं को पूरा नहीं किया जा रहा है। मध्य प्रदेश सरकार विभिन्न प्रकार की योजना बनाकर जंगलों के लिए बनाने के लिए लाखाें की लागत लगा रही है लेकिन यहां पर ऐसा तो देखने को नहीं मिल रहा है । यहां पर विद्यार्थियों के घूमने और रमना की सैर करने के उद्देश्य से पार्क का निर्माण कराया गया।