कल्याण के बीएसयूपी घोटाले की जांच अब सीबीआई के पास

मुंबई  सय्यद लायक खालेद
कल्याण में बीएसयूपी योजना के तहत बनाए जा रहे घर विवादों के घेरे में आ गए हैं। दरअसल एक याचिकाकर्ता ने इसमें घोटाले का आरोप लगाते हुए एंटी करप्शन ब्यूरो से पूरे मामले की जांच की मांग थी। लेकिन जब ब्यूरो ने मामले की जांच से मना कर दिया तो याचिकाकर्ता कौस्तुभ गोखले ने इसकी शिकायत महाराष्ट्र पुलिस शिकायत प्राधिकरण के पास कर दी। गोखले की शिकायत की सुनवाई करते हुए अब महाराष्ट्र पुलिस शिकायत समिति ने

ब्यूरो को आदेश दिया है कि वह इस मामले में 5 अप्रैल तक एक रिपोर्ट पेश करे और अगर वह यह करने में असमर्थ रहा, तो मामला जांच के लिए सीबीआई में भेज दिया जाएगा। दरअसल कौस्तुभ देसाई का आरोप है बीएसयूपी के तहत 2007 से बन रहे गरीबों के घर में के इस प्रॉजेक्ट में बड़ा घोटाला हुआ है। यही नहीं, गरीबों के घर तो तोड़ दिए गए, लेकिन उनके लाभार्थियों की लिस्ट में भी काफी घपला हुआ है और कई ऐसे लोगों के नाम जोड़ दिए गए हैं, जिनके घर यहां थे ही नहीं। मनपा ने बीएसयूपी के तहत जिन बिल्डिंगों का निर्माण किया है उसमें भी कई ऐसी इमारतें हैं, जिनकी परमिशन न तो टाउन प्लानिंग डिपार्टमेंट से ली गई और न ही कोई प्रॉजेक्ट ढंग से पास कराया गया। कई ऐसी जगह पर बिल्डिंग बना दी गई जो कि किसी प्राइवेट व्यक्ति के नाम पर थी। इन सभी मामलों को लेकर कौशिक देसाई काफी सालों से लड़ाई लड़ रहे थे और जब उन्होंने पाया कि एंटी करप्शन ब्यूरो या कोई और सरकारी एजेंसी मामले की बराबर से तहकीकात नहीं कर रही है, तो उन्होंने महाराष्ट्र पुलिस के शिकायत विभाग में अपनी शिकायत दर्ज कराई और अब उन्हें उम्मीद है कि ब्यूरो यह पूरा घोटाला खोज निकालेगा और मामले की जांच करेगा ताकि सच सामने आ सके।