रिश्ते को कलंकित करने वाला आरोपी पकडा गया

अनुराग शर्मा /सागर

 

एंकर-बीते दिनों पंद्रह मार्च को सागर जिले के बंडा थाना अंतर्गत बेरखेड़ी ग्राम में कक्षा छठवीं की एक छात्रा की सिर कटी लाश मिलने का मामला सामने आया था जिसे हमने प्रमुखता से दिखाया था,इस मामले में मानवता को शर्मशार करने वाला खुलासा सामने आया है, जी हाँ लड़की के साथ गैंगरेप और बाद में उसकी गला रेत कर हत्या करने वाले आरोपी कोई दूसरे नही बल्कि सगे भाई और चाचा ही थे जिन्हें पुलिश ने गिरफ्तार कर इस मामले की गुत्थी को सुलझाया है।

बी ओ- तेरह बर्षीय छात्रा तेरह मार्च को घर से स्कूल पेपर देने निकली थी तभी से बह लापता थी पंद्रह मार्च को छत्रा का सिर कटा शव मिलने के बाद पुलिश मामले की जांच में जुटी हुई थी, छात्रा के शातिर चाचा वंशीलाल ने पडोशी पर इस मामले में संदेह व्यक्त किया था,
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में छात्रा के साथ गैंगरेप की पुष्टि की गई थी, मिरतिका के बारे में जब पुलिश ने गांव के लोगो से जानकारी जुटाई तो अंतिम बार उसे किसी लाल टी शर्ट पहिने युवक के साथ देखे जाने की सूचना पुलिश को मिली,
पुलिश अधीक्षक ने मामले का खुलाशा करते हुए बताया कि जब पुलिश ने इस लाल टी शर्ट वाले युवक के संबंध में जानकारी जुटाई तो यह लाल टी शर्ट वाला शख्स और कोई नही इस छात्रा का सगा भाई निकला जो इस घटना के बाद से ही फरार था,
पुलिश ने जब छात्रा के अन्य भाईयो से सख्ती से पूछताछ की तो उनहाने पूरा राज खोल दिया , मृतिका के बड़े भाई रामप्रसाद ने अपनी छोटी बहिन से जबरन संबंध स्थापित कर लिए थे, वह उसे नानी के घर भी नही जाने देता था पेपर वाले दिन भी बह बीच रास्ते मे अपनी बहिन को रोककर पास में ही रहने वाले चाचा के घर ले गया था जहाँ अपने दोनों छोटे भाइयो के साथ अपनी छोटी बहिन के साथ रेप किया,
यह दरिंदगी का खेल यही तक सीमित नही रहा मूर्तिका के सगे चाचा ने भी अपनी पुत्री समान नावालिका को नही बख्शा,
जब छात्रा ने इन सबकी करतूत पुलिश को बताने की बात कही तो सभी चारो आरोपियों ने मिलकर पास के खेत में ले जाकर हशिया से माशूम का गला रेत कर हत्या कर डाली,
जहा से बड़ा भाई और मुख्य आरोपी रामप्रसाद फरार हो गया,जबकि अन्य तीनो आरोपी पुलिश को गुमराह करने में लगे रहे। इस मामले में पुलिश ने नावालीक छात्रा की चाची को भी सहआरोपी बनाया है
मगर कानून के हाथ लंबे होने वाली बात को चरितार्थ करते हुए पुलिश टीम ने इस अंधी गुत्थी को सुलझा लिया,
बाइट-अमित शांघि
(पुलिश अधीक्षक)