दिग्विजय को क्लीनचिट, शिवराज को विशेषाधिकार हनन नोटिस जारी

भोपाल: मध्यप्रदेश में कांग्रेस और बीजेपी आमने सामने की टक्कर में हैं दोनों ही पार्टियां अपनी पूरी ताकत चुनाव के प्रचार प्रसार में झोंक रही हैं। जबकि लोकसभा चुनाव से पहले पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह की मुश्किले बढ़ गई है क्योंकि विधानसभा सचिवालय द्वारा शिवराज को नोटिस जारी किया गया है। वहीं पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को क्लीनचिट दी गई है। यह नोटिस सचिवालय में विशेषाधिकार हनन को लेकर जारी किया गया था। हाल ही में बजट सत्र के दौरान कांग्रेस द्वारा यह नोटिस दिया गया था। यह नोटिस सत्ता पक्ष द्वारा तीखी नोंकझोंक और आंसदी पर टिप्पणी लेकर दिया गया था, जिस पर विधानसभा सचिवालय ने कार्रवाई की है। इस दौरान पक्ष-विपक्ष के बीच तीखी नोंकझोंक देखने को मिली थी।

वहीं इस मामले पर राजनीति भी शुरु हो गई है। कांग्रेस का कहना है कि बीजेपी को सवाल उठाने का हक ही नहीं है। शिवराज को नोटिस विशेषाधिकार हनन के मामले में दिया गया है। यह विधानसभा का काम है इस पर कार्रवाई करने का भी अधिकार उनको है।

वही बीजेपी ने दिग्विजय सिंह को क्लीनचिट दिए जाने पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जो घटनाक्रम हुआ सबके सामने है। टिप्पणी करने का हक सबको है। विधानसभा अध्यक्ष को बताना होगा कि आखिर मंत्रियों जिस तरह से बाहर डिक्टेक्ट करने की कोशिश कर रहे थे और जनता को भ्रमित कर रहे थे, उनको क्यों बख्शा गया। उन पर कार्रवाई क्यों नही की गई और दिग्विजय को किस आधार पर क्लीनचिट दी गई?

गौरतलब है कि यह पूरा मामला विधानसभा के बजट सत्र के दौरान हुआ था। इस दौरान कर्जमाफी, अफसरों के तबादले, कानून व्यवस्था को लेकर जमकर हंगामा हुआ था। विपक्ष की भूमिका निभा रही बीजेपी ने सरकार का जमकर घेराव किया था, वही सत्ता पक्ष ने भी बीजेपी पर कई हमले बोले थे और आरोप लगाए थे।