राजकुमार की शिकायत पर संगठन के इंस्पेक्टर विनोद कुमार यादव के नेतृत्व में ट्रैप टीम गठित की गई। शनिवार को दरोगा का कई बार फोन आने पर ट्रैप टीम ने पौने दो बजे राजकुमार को पांच-पांच सौ के 10 नोट लेकर सोनिया चौकी भेजा। नोटों पर खास रसायन भी लगाया गया था। चौकी प्रभारी ने राजकुमार से पैसे लिए तभी ट्रैप टीम ने उसे रंगेहाथ पकड़ लिया। दारोगा को कैंट थाने ले जाकर फर्द लिखने के साथ ही केस दर्ज किया गया। रात भर थाने में रखने के बाद उसे रविवार को रिमांड मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया जाएगा। तीन महीने पहले ट्रैप टीम ने विकास भवन के एक कर्मचारी को भी मदरसा प्रबंधक से घूस लेते दबोचा था।

गिरफ्तार दारोगा के घर की तलाशी : भ्रष्टाचार निवारण संगठन की टीम ने गिरफ्तार दरोगा महेश सिंह से कैंट थाने में पूछताछ के बाद शाम को शिवपुर इलाके में श्यामपुरी कॉलोनी स्थित मकान की तलाशी ली। टीम प्रभारी निरीक्षक विनोद यादव ने बताया कि तलाशी के पीछे इरादा दारोगा द्वारा इस तरह घूसखोरी कर जमा पैसों की बरामदगी करना था। हालांकि परिजनों को कार्रवाई की भनक लग चुकी थी  इसलिए घर से पैसे नहीं बरामद हुए।

रिश्वत लेते वीडियो हो चुका है वायरल : सोनिया चौकी प्रभारी तैनात होने से पहले उपनिरीक्षक महेश सिंह आदमपुर थाने की हनुमान फाटक चौकी पर था। वहां घूसखोरी से जुड़ा वीडियो वायरल होने पर उसे लोहता थाने भेज दिया गया था। कुछ समय बाद महेश को सिगरा थाने में तैनात किया गया। पिछले दिनों उसे सोनिया चौकी प्रभारी बना दिया गया। पकड़े जाने पर वह खुद को बेकसूर बताते हुए फंसाने का आरोप लगाने लगा।