पायलट की एक भूल से नहीं खुले मेट्रो के द्वार, दूसरे स्टेशन पर उतरे यात्री

सारिका त्रिपाठी

लखनऊ,  इंदिरानगर से हजरतगंज के लिए रवाना हुई कई यात्री उस समय हैरान रह गए जब मेट्रो अपने तय स्टेशन पर रुकी तो जरूर। लेकिन उसके गेट नहीं खुल सके। जब तक इमरजेंसी बटन दबाकर यात्रियों ने मेट्रो के पायलट से बात करते तब तक देर हो चुकी थी। पायलट को इसकी भनक लगने तक मेट्रो हजरतगंज से आगे निकल गई। इसके बाद यात्रियों को सचिवालय मेट्रो स्टेशन पर उतारा गया।

इंदिरानगर मेट्रो स्टेशन से शाम 4:20 बजे यात्री राहुल श्रीवास्तव सहित दर्जनों यात्री मुंशीपुलिया से चौधरी चरण सिंह एयरपोर्ट जा रही मेट्रो में सवार हुए थे। राहुल श्रीवास्तव के अलावा कई यात्रियों को हजरतगंज मेट्रो स्टेशन पर उतरना था। मेट्रो जब हजरतगंज स्टेशन के प्लेटफार्म पर पहुंची तो यात्री उतरने के लिए सतर्क हो गए। जबकि हजरतगंज से एयरपोर्ट जाने वाले कई यात्री मेट्रो के प्लेटफार्म पर खड़े होकर गेट खुलने का इंतजार करते रहे। यात्री राहुल श्रीवास्तव ने इमरजेंसी बटन दबाकर पायलट से संपर्क किया। पायलट ने कहा कि गलती से गेट खुलने वाले बटन दबाना भूल गया। अब मेट्रो हजरतगंज से छूट गई है, यात्रियों को सचिवालय मेट्रो स्टेशन उतरकर दूसरी मेट्रो से आना होगामुंबई जाने के लिए पुष्पक एक्सप्रेस के यात्रियों को अब सुबह से लंबी लाइन नहीं लगना होगा। रेलवे उनको टोकन देगा। टोकन नंबर के आधार पर ही उनको जनरल बोगियों में प्रवेश मिलेगा। लखनऊ जंक्शन पर रेलवे ने टोकन प्रणाली की शुरुआत सोमवार को कर दी। पुष्पक एक्सप्रेस से मुंबई जाने के लिए गोंडा, बाराबंकी, बहराइच सहित आसपास के कई जिलों के रहने वाले यात्री सुबह से ही लखनऊ जंक्शन पहुंच जाते हैं। यहां उनको लाइन लगाकर खुद भी बैठना पड़ता है। शाम को 7:45 बजे रवाना होने वाली पुष्पक एक्सप्रेस की जनरल बोगियों में प्रवेश करने के लिए शाम को उनकी क्रम के अनुसार लाइन लगवायी जाती है। ऐसे में कई बार जगह न मिलने पर यात्री छूट जाते हैं। जबकि उनका जनरल क्लास का टिकट भी वापस नहीं हो पाती है। ऐसे में यात्रियों को एक दिन और इंतजार करना पड़ता है। रेलवे सुरक्षा बल ने सोमवार से लखनऊ जंक्शन पर टोकन व्यवस्था लागू कर दी।