ईरानी और ब्रिटिश टैंकरों से पकड़े गए सभी 42 भारतीय क्रू सदस्‍य सुरक्षित : विदेश मंत्रालय

नई दिल्‍ली। जिब्राल्टर के जलडमरूमध्य (Strait of Gibraltar) में ब्रिटिश नौसैनिकों द्वारा जब्त किए गए ईरानी तेल टैंकर ग्रेस-1 में सवार सभी 24 भारतीय सुरक्षित हैं। विदेश राज्य मंत्री वी. मुरलीधरन (V. Muraleedharan) ने यह जानकारी दी है। उन्‍होंने यह भी बताया कि हरमुज खाड़ी क्षेत्र में ईरान द्वारा जब्‍त किए गए ब्रिटिश टैंकर पर सवार 18 भारतीय भी सुरक्षित हैं।

बता दें कि र्इरान ने बदले की कार्रवाई के तहत शुक्रवार को ब्रिटिश टैंकर सेंटा इम्‍पेरो (Stena Impero) को जब्‍त किया था। विदेश राज्य मंत्री वी. मुरलीधरन ने ट्वीट कर के बताया कि तेहरान में भारतीय दूतावास ने टैंकर पर सवार भारतीयों से मुलाकात की है। भारत ने ईरान से अपने नागरिकों के लिए काउंसलर एक्‍सेस की मांग की है। भारतीय विदेश मंत्रालय की ओर से यह भी बताया गया कि लंदन स्थित उच्‍चायोग भारतीयों से जल्‍द मुलाकात करेगा।

विदेश राज्‍य मंत्री ने कहा कि लंदन स्थित भारतीय उच्‍चायोग ने तेल टैंकर ग्रेस-1 में सवार 24 भारतीयों के जिब्राल्‍टर पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने की पुष्टि कर दी है। पकड़े गए सभी भारतीय नागरिक सुरक्षित हैं। लंदन स्थित भारतीय अधिकारी जिब्राल्‍टर में भारतीय क्रू सदस्‍यों के संपर्क में हैं। भारतीय उच्‍चायोग की टीम 24 जुलाई को जिब्राल्‍टर जाएगी और पकड़े गए भारतीय नागरिकों से मुलाकात करेगी।

उल्‍लेखनीय है कि ब्रिटेन द्वारा टैंकर जब्‍त किए जाने के बाद ईरान ने भी बदले की कार्रवाई करते हुए दो तेल टैंकरों को अपने कब्जे में ले लिया था। इनमें से एक टैंकर ब्रिटेन का जबकि दूसरा लाइबेरिया का बताया जा रहा है। चिंता की बात यह है कि ब्रिटिश टैंकर पर मौजूद 23 क्रू मेंबर्स में 18 भारतीय हैं। भारतीय विदेश मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि वह ईरान के साथ संपर्क में है और भारतीयों को छुड़ाने की कोशिशें जारी हैं।