बौंली— कोटखावदा को पंचायत समिति बनानें की मांग हुई तेज

*मुख्यमंत्री, डिप्टी सीएम व जिला कलेक्टर से मिला प्रतिनिधिमंडल*
टोंक-  सवाई माधोपुर ब्यूरो (अजय शेखर शर्मा)

चाकसू/कोटखावदा
घनी आबादी क्षेत्र कोटखावदा को पंचायत समिति बनाएं जाने की मांग को लेकर मंगलवार को पंचायत समिति बनाओं संघर्ष समिति के अध्यक्ष सूरज्ञान सिंह बड़ोदिया के नेतृत्व में उपमुख्यमंत्री व जिला कलेक्टर से रूबरू होकर प्र्रदेश के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत  को भी ज्ञापन सौंपा गया।
कोटखावदा पंचायत समिति बनाओं संघर्ष समिति के अध्यक्ष सूरज्ञान सिंह बड़ोदिया ने जानकारी देते हुए बताया कि चाकसू पंचायत समिति क्षेत्र में कुल 37 ग्राम पंचायतें हैं, जिनकी संख्या परिसीमन के उपरांत 50 के करीब हो जाएगी।  चाकसू पंचायत समिति मुख्यालय से 16 किमी दूर स्थित कोटखावदा क्षेत्र घनी आबादी वाला बड़ा क्षेत्र है। जिसमें एससी/एसटी, ओबीसी सहित सामान्य वर्ग के लोग निवास करते हैं। साथ ही कोटखावदा एक तहसील हैडक्वार्टर क्षेत्र है, जहां पुलिस थाना, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, विधुत विभाग व जल विभाग तथा उच्च स्तर के सरकारी विभागों गैर-सरकारी शिक्षण संस्थान सहित सभी सरकारी-गैरसरकारी किस्म के बैंक भी स्थित हैं।
संघर्ष समिति ने ज्ञापन के जरिए राज्य के मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री व जिला कलेक्टर से मांग की हैं कि कोटखावदा बड़ा कस्बा वह घनी आबादी क्षेत्र होने के बावजूद क्षेत्र के लोगों को पंचायत समिति संबंधित कार्यों व समस्याओं के समाधान के लिए बार-बार चाकसू जाना पडता हैं, जिससे लोगों के समय व धन की हानि हो रही हैं। अतः: कोटखावदा को पंचायत समिति बनाई जाए।
गौरतलब हैं इससे पूर्व भी संघर्ष समिति के तत्वावधान में कोटखावदा तहसील मुख्यालय पर कोटखावदा को पंचायत समिति बनाए जानें की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन कर स्थानीय विधायक को ज्ञापन भी सौंपा जा चुका है। इस धरना-प्रदर्शन के दौरान हजारों की संख्या में आमजन ने उपस्थिति दर्ज़ कराकर कोटखावदा को पंचायत समिति बनाएं जानें की मांग की थी तथा पूर्व में एसडीएम के जरिए राज्य के मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी दिया गया था।
मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री व जिला कलेक्टर को ज्ञापन देने के दौरान संघर्ष समिति के अध्यक्ष सूरज्ञान सिंह बड़ोदिया सहित चाकसू विधायक वेदप्रकाश सोलंकी, चाकसू ब्लाक कांग्रेस अध्यक्ष गंगाराम मीणा ,वरिष्ठ कांग्रेसी राजेश शर्मा सहित कोटखावदा क्षेत्र की सभी पंचायतों के सरपंच, व करीबन साढ़े चार सौ की संख्या में कोटखावदा क्षेत्र के जनप्रतिनिधगण व ग्रामीण उपस्थित रहे।