आनंदीबेन पटेल सोमवार को लेंगी उत्तर प्रदेश के राज्यपाल पद की शपथ

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की मनोनीत राज्यपाल आनंदीबेन पटेल सोमवार 29 जुलाई को अपरान्ह साढ़े 12 बजे राजभवन के गांधी सभागार में 25वें राज्यपाल के रुप में पद की शपथ लेंगी। राजभवन के प्रवक्ता ने बताया कि इलाहाबाद उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति गोविन्द माथुर आनंदीबेन पटेल को राज्यपाल के पद की शपथ दिलाएंगे। इससे पूर्व कल पूर्वाह्न 10.20 पर पटेल अमौसी हवाई अड्डा,पहुंचेगी, जहाँ विशिष्ट महानुभावों द्वारा उनका स्वागत किया जाएगा तथा पुलिस द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया जाएगा। उसके बाद पटेल राजभवन के लिए प्रस्थान करेंगी।

मनोनीत राज्यपाल पटेल ने नवाचार के तौर पर कहा है कि भेंट के अवसर पर पुष्प गुच्छ आदि के बजाय पुस्तकें एवं खाद्य वस्तुएं दी जानी चाहिए जिन्हें किसी जरूरतमंद को दिया जा सके जो किसी के उपयोग में आ सके। आनंदीबेन पटेल का मानना है कि पुष्प स्वीकार कर निश्चय ही सुखद अनुभूति होती है पर फूल के खराब होने के साथ पैसे भी बेकार हो जाते हैं। उसकी अपेक्षा यदि कोई पुस्तक या खाद्य वस्तु आदि हो तो वह जरूरतमंद बच्चों को भी भेजी जा सकती है।

इससे पूर्व भी वे राजभवन मध्य प्रदेश में खाद्य वस्तुओं एवं किताबों को अनाथालय, वृद्धाश्रम और मलिन बस्तियों के बच्चों को उपहार स्वरूप भेजती रही हैं। आनंदीबेन पटेल उत्तर प्रदेश की दूसरी महिला राज्यपाल हैं। इससे पहले सरोजनी नायडू को प्रदेश का पहला राज्यपाल बनने का गौरव प्राप्त है। वह 15 अगस्त 1947 से दो मार्च 1949 के बीच संयुक्त प्रांत की राज्यपाल रही।

पटेल को जनवरी 2018 में मध्य प्रदेश का राज्यपाल बनाया गया था। उन्होंने नरेन्द्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद 22 मई 2014 को गुजरात के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी हालांकि अगस्त 2016 में उन्होंने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने 1998 से 2014 के बीच गुजरात में मंत्री के तौर पर अपने दायित्व का निर्वहन किया था। प्रवक्ता के अनुसार पटेल के राज्यपाल की शपथ लेने के बाद पूर्व राज्यपाल राम नाईक अपरान्ह 2.45 बजे मुंबई जाने के लिए राजभवन से अमौसी हवाई अड्डा प्रस्थान करेंगे।